CJP Protest : कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने शनिवार को अपना आंदोलन खत्म करने का ऐलान कर दिया। जंतर-मंतर पर चल रहे प्रदर्शन को समाप्त करने की घोषणा केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा, जितेंद्र सिंह, CJP प्रवक्ता सौरव दास और आशुतोष रांका की संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में की गई।
CJP प्रवक्ता सौरव दास ने प्रदर्शनकारियों से अपील की कि अब सभी लोग अपने घर लौट जाएं। उन्होंने कहा कि सरकार के साथ पिछले कुछ दिनों में तीन दौर की बातचीत हुई और संगठन की तीनों प्रमुख मांगों पर सहमति बनी है।
एक करोड़ रुपये का मुआवजा देना शामिल
CJP के मुताबिक, उनकी मुख्य मांगों में शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा, प्रदर्शनकारियों पर दर्ज मामलों को वापस लेना और NEET से जुड़े पीड़ितों को एक करोड़ रुपये का मुआवजा देना शामिल था।
इससे पहले धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की खबर सामने आने के बाद जंतर-मंतर पर मौजूद छात्रों ने जश्न मनाया। प्रदर्शनकारियों ने छात्र एकता जिंदाबाद के नारे लगाए और राष्ट्रगान गाया। इस दौरान NEET विवाद के बाद जान गंवाने वाले छात्रों की याद में दो मिनट का मौन भी रखा गया।
छात्रों पर कार्रवाई ना करने की मांग
केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा ने कहा कि सौरव दास के साथ सरकार की यह तीसरी बैठक थी। उन्होंने बताया कि बातचीत के दौरान प्रदर्शनकारियों की मांगों पर विस्तार से चर्चा हुई। नड्डा ने कहा कि प्रदर्शनकारियों के खिलाफ कार्रवाई न करने की मांग को सरकार ने स्वीकार कर लिया है।
सरकार ने छात्रों की मांगों को किया स्वीकार
नड्डा ने कहा कि परीक्षा सुधार से जुड़े सुझावों पर सरकार विचार करेगी और आगे इसकी जानकारी प्रदर्शनकारियों को दी जाएगी। उन्होंने प्रदर्शनकारियों से आंदोलन समाप्त करने की अपील की। इसके बाद CJP ने भी आंदोलन खत्म करने का ऐलान करते हुए कहा कि सरकार ने उनकी मांगों को स्वीकार कर लिया है, इसलिए प्रदर्शन को तत्काल समाप्त किया जा रहा है।
छात्रों के परिवारों को मुआवजा देने की मांग
सौरव दास ने बताया कि संगठन की ओर से सरकार को एक ड्राफ्ट सौंपा गया है। उन्होंने कहा कि सरकार ने इसे लिखित रूप में मंगलवार तक देने का भरोसा दिया है। NEET से जुड़े मामलों में जान गंवाने वाले छात्रों के परिवारों को मुआवजा देने की मांग पर भी सहमति बनी है।
प्रदर्शनकारियों के खिलाफ दर्ज FIR वापस
उन्होंने कहा कि शिक्षा सुधार को लेकर सरकार के साथ आगे भी बातचीत जारी रहेगी। इसके लिए करीब चार हफ्ते बाद फिर बैठक आयोजित करने की बात कही गई है। CJP प्रवक्ता आशुतोष रांका ने बताया कि सरकार के साथ तीन बार बातचीत हुई। उन्होंने कहा कि पहली मांग धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की थी, जो पूरी हो गई है। दूसरी मांग प्रदर्शनकारियों के खिलाफ दर्ज FIR वापस लेने की थी, जिसे भी सरकार ने स्वीकार कर लिया है।
CJP के खिलाफ नहीं की जाएगी कोई कार्रवाई
रांका के मुताबिक, प्रदर्शन के दौरान दर्ज करीब 15 से 20 मामलों की जानकारी सरकार की ओर से उपलब्ध कराई जाएगी। उन्होंने कहा कि भविष्य में CJP की टीम के खिलाफ किसी तरह की कार्रवाई नहीं की जाएगी। उन्होंने यह भी कहा कि NEET विवाद से जुड़े मृतक छात्रों के परिवारों को सम्मानजनक मुआवजा देने को लेकर सरकार ने भरोसा दिया है। CJP ने कहा कि आगे की जानकारी बातचीत और लिखित आश्वासन मिलने के बाद साझा की जाएगी।
ये भी पढ़ें- धर्मेंद्र प्रधान का शिक्षा मंत्री पद से इस्तीफा, जानिए कार्यकाल की बड़ी उपलब्धियां और विवाद
Hindi Khabar App: देश, राजनीति, टेक, बॉलीवुड, राष्ट्र, बिज़नेस, ज्योतिष, धर्म-कर्म, खेल, ऑटो से जुड़ी ख़बरों को मोबाइल पर पढ़ने के लिए हमारे ऐप को प्ले स्टोर से डाउनलोड कीजिए. हिन्दी ख़बर ऐप









