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AI के उपयोग से सरकारी सेवाओं को तेज और प्रभावी बनाएगी पंजाब सरकार- संजीव अरोड़ा

Punjab News : प्रगतिशील पंजाब निवेशक सम्मेलन के दूसरे दिन उस समय खास पल देखने को मिले, जब उद्योग मंत्री संजीव अरोड़ा ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (कृत्रिम बुद्धिमत्ता) की क्रांति को अपनाने के लिए विस्तृत योजनाओं की घोषणा की। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) पर आयोजित समापन सैशन के दौरान उन्होंने कहा कि राज्य सरकार प्रयास करेगी कि पंजाब, विशेषकर यहां के युवा, तेजी से आगे बढ़ रही एआई तकनीक का पूरा लाभ उठा सकें।

प्रशासनिक सुधार की दिशा में ऐतिहासिक कदम

प्रशासनिक सुधार की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम उठाते हुए मंत्री अरोड़ा ने बताया कि राज्य सरकार योजनाबद्ध तरीके से अपने सभी विभागों में एआई के उपयोग की ओर कदम बढ़ाएगी। उन्होंने कहा, “इस पहल का उद्देश्य प्रशासनिक प्रक्रियाओं को तेज करना और लोगों तक सरकारी सेवाओं को अधिक प्रभावी, पारदर्शी और आसानी से पहुँचाने योग बनाना है।

एआई हमारी रोजमर्रा की जिंदगी का हिस्सा

बड़ी संख्या में उपस्थित उद्योगपतियों और निवेशकों को संबोधित करते हुए कैबिनेट मंत्री ने तकनीक के बढ़ते व्यापक उपयोग पर जोर दिया। उन्होंने कहा, “एआई अब हमारी रोजमर्रा की जिंदगी का हिस्सा बन चुकी है और यह जरूरी है कि हम इसका सही और जिम्मेदार तरीके से उपयोग करें।

भागीदारी के साथ एक महत्वपूर्ण पैनल चर्चा

सम्मेलन को मिले उत्साहजनक समर्थन पर संतोष व्यक्त करते हुए उद्योग मंत्री ने कहा कि आज दिनभर हुए 26 सैशनों की भागीदारी और प्रतिक्रिया पंजाब के विकास की यात्रा में निवेशकों के विश्वास को दर्शाती है। इस सैशन में तकनीक, अकादमिक और उद्योग क्षेत्र के प्रमुख व्यक्तियों की भागीदारी के साथ एक महत्वपूर्ण पैनल चर्चा भी हुई। पैनल में XLScout की को-फाउंडर कोमल तलवार, गंगा एक्रोवल के अमित थापर, प्लाक्षा यूनिवर्सिटी के प्रो. राजीव रतन शाह और एसटीपीआई मोहाली के डायरेक्टर शैलेन्द्र त्यागी शामिल थे।

20 प्रतिशत से अधिक वृद्धि

चर्चा के दौरान विशेषज्ञों ने कहा कि प्राइवेट क्षेत्र में एआई की परिवर्तनकारी क्षमता बहुत बड़ी है और इसके उपयोग से किसी कंपनी की उत्पादकता में 20 प्रतिशत से अधिक वृद्धि हो सकती है। उन्होंने यह भी जोर दिया कि उद्योगों को सबसे पहले अपनी व्यावसायिक समस्याओं की पहचान करनी चाहिए और फिर रणनीतिक तरीके से एआई की मदद से उनका समाधान खोजना चाहिए।

विशेषज्ञों ने सरकार को दिया सुझाव

कॉरपोरेट कार्यकुशलता के अलावा विशेषज्ञों ने यह भी बताया कि एआई पंजाब के प्रमुख क्षेत्रों जैसे कृषि, उद्योग और व्यापार में क्रांतिकारी बदलाव ला सकती है और राज्य के प्रशासन को और बेहतर बना सकती है। अनुकूल नवाचार वातावरण तैयार करने पर जोर देते हुए विशेषज्ञों ने सरकार को सुझाव दिया कि शुरुआती स्तर के एआई स्टार्टअप्स को समर्थन दिया जाए और उन्हें सब्सिडी वाली क्लाउड स्टोरेज तथा मजबूत डेटा बेस ढांचा उपलब्ध कराया जाए।

अगली पीढ़ी की तकनीकों के लिए पंजाब की तैयारी

सैशन की शुरुआत में पंजाब डेवलपमेंट कमीशन की वाइस चेयरपर्सन सीमा बांसल और इनवेस्ट पंजाब के सीईओ अमित ढाका ने प्रभावशाली प्रस्तुतियां दीं, जिनमें उन्होंने अगली पीढ़ी की तकनीकों के लिए पंजाब की तैयारी को दिखाया। खास तौर पर मोहाली को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के उभरते हब के रूप में प्रस्तुत किया गया। इस रोचक और जानकारीपूर्ण सैशन के मॉडरेटर बोस्टन कंसल्टिंग ग्रुप (बीसीजी) के विनीत विजयवरजीया थे।

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