Rajasthanक्राइम

जैसलमेर में कैरेकल की हत्या फिर जलाया शव, वीडियो के आधार पर तीन आरोपी गिरफ्तार

Rajasthan News : भारत-पाकिस्तान सीमा से लगे राजस्थान के जैसलमेर स्थित शाहगढ़ क्षेत्र में एक बेहद चिंताजनक मामला सामने आया है, जहां दुर्लभ वन्यजीव कैरेकल की मौत ने वन्यजीव संरक्षण पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस घटना का खुलासा तब हुआ जब 14 मार्च को सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें कुछ लोग मृत कैरेकल के पास खड़े दिखाई दिए। वीडियो में यह भी संकेत मिला कि जानवर के शव को जलाने की कोशिश की गई थी।

वीडियो सामने आते ही वन विभाग हरकत में आया और मामले की जांच शुरू की गई। रेंज क्षेत्र के वन अधिकारी लक्ष्मण सिंह के नेतृत्व में टीमों का गठन किया गया, जिन्होंने शाहगढ़ इलाके में तलाशी अभियान चलाकर संदिग्धों की पहचान की। त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों, इब्राहिम खान, उमा और सलिदाद को गिरफ्तार कर लिया गया।

आधा जला हुआ मिला शव

पूछताछ के दौरान आरोपियों की निशानदेही पर रेतीले टीलों में सर्च ऑपरेशन चलाया गया, जहां से कैरेकल का आधा जला हुआ शव बरामद हुआ। साथ ही एक ट्रैक्टर भी जब्त किया गया, जिसका इस्तेमाल शव को ले जाने में किया गया था।

आरोपियों ने अपना बचाव करते हुए दावा किया कि यह जंगली जानवर उनके मवेशियों के लिए खतरा बन गया था और उसने कई पशुओं को नुकसान पहुंचाया था। उनका कहना है कि पीछा करने के दौरान कैरेकल की मौत हो गई। हालांकि, वन विभाग इस दावे को संदेह की नजर से देख रहा है और वास्तविक कारणों का पता लगाने के लिए वैज्ञानिक जांच करवा रहा है।

वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत मामला दर्ज

जैसलमेर के वन मंडल अधिकारी कुमार शुभम के अनुसार, आरोपियों के खिलाफ वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर लिया गया है। कैरेकल के शव का पोस्टमॉर्टम कराया गया है और जांच के लिए सैंपल देहरादून स्थित वाइल्ड लाइफ इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया भेजे गए हैं।

विशेषज्ञों का मानना है कि कैरेकल भारत में पाई जाने वाली एक अत्यंत दुर्लभ और लुप्तप्राय प्रजाति है, जो मुख्यतः शुष्क और रेतीले इलाकों में निवास करती है। राजस्थान के पश्चिमी सीमावर्ती क्षेत्रों में इसकी संख्या पहले ही बेहद कम है, ऐसे में इस तरह की घटनाएं संरक्षण प्रयासों के लिए बड़ा झटका हैं।

इस घटना के बाद पर्यावरण प्रेमियों और वन्यजीव संरक्षण से जुड़े लोगों में नाराजगी देखी जा रही है। उन्होंने दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है और सीमावर्ती क्षेत्रों में वन्यजीवों की सुरक्षा के लिए निगरानी बढ़ाने पर जोर दिया है।

वन विभाग ने स्पष्ट किया है कि जांच अभी जारी है और इस मामले से जुड़े अन्य लोगों की पहचान होने पर उनके खिलाफ भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।

ये भी पढ़ें – शहीद सैनिकों के परिवारों को मुआवजा दिलाने के लिए मोहिंदर भगत ने बुलाई विशेष बैठक

Hindi Khabar App: देश, राजनीति, टेक, बॉलीवुड, राष्ट्र,  बिज़नेस, ज्योतिष, धर्म-कर्म, खेल, ऑटो से जुड़ी ख़बरों को मोबाइल पर पढ़ने के लिए हमारे ऐप को प्ले स्टोर से डाउनलोड कीजिए. हिन्दी ख़बर ऐप

Related Articles

Back to top button