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दुबई में गूंजा ‘जय जोहार, जय छत्तीसगढ़’, प्रवासियों ने धूमधाम से मनाया 26वां राज्योत्सव, बड़ी संख्या में प्रवासी परिवार हुए शामिल

Chhattisgarh Diwali Milan Samaroh : दुबई में नाचा-यूएई एनआरआई परिवार ने छत्तीसगढ़ के 26वें स्थापना दिवस और दिवाली मिलन समारोह का आयोजन किया। अमित उपाध्याय के नेतृत्व में हुए कार्यक्रम की शुरुआत छत्तीसगढ़ महतारी की पूजा से हुई। समारोह में लोकनृत्य, प्रश्नोत्तरी, अतिथि सम्मान और बच्चों की अंतरराष्ट्रीय कला सहभागिता प्रदर्शनी आकर्षण का केंद्र रही।

Chhattisgarh Diwali Milan Samaroh : दुबई में नाचा-यूएई एनआरआई परिवार की ओर से रविवार, 1 नवंबर 2026 को छत्तीसगढ़ राज्य का 26वां स्थापना दिवस (राज्योत्सव 2026) और दिवाली मिलन समारोह भव्य तरीके से आयोजित किया गया। “जय जोहार! जय छत्तीसगढ़!” के उद्घोष के साथ हुए इस आयोजन में संयुक्त अरब अमीरात में रहने वाले प्रवासी छत्तीसगढ़िया समाज के लोगों ने एकजुट होकर अपनी मातृभूमि की संस्कृति, परंपरा और विरासत का उत्सव मनाया। कार्यक्रम का आयोजन नाचा-यूएई के अध्यक्ष अमित उपाध्याय के नेतृत्व में किया गया।

छत्तीसगढ़िया समाज ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया

समारोह की शुरुआत छत्तीसगढ़ महतारी की पूजा-अर्चना के साथ हुई। इस दौरान राज्य की अस्मिता और गौरव की प्रतीक छत्तीसगढ़ महतारी के समक्ष मातृभूमि और समाज की सुख-समृद्धि की कामना की गई। इसके बाद राज्योत्सव और दीपावली मिलन समारोह का आयोजन हुआ, जिसमें व्यवसायियों, नौकरीपेशा लोगों, वरिष्ठ नागरिकों और बच्चों सहित प्रवासी छत्तीसगढ़िया समाज के सभी वर्गों ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया।

“कौन बनेगा छत्तीसगढ़ का बुद्धिमान” बना विशेष आकर्षण

कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ी लोकनृत्य की आकर्षक प्रस्तुतियां दी गईं। इसके अलावा रोचक और संवादात्मक प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता “कौन बनेगा छत्तीसगढ़ का बुद्धिमान” भी आयोजन का विशेष आकर्षण रही। समारोह के दौरान प्रवासी सदस्यों के माता-पिता और आयोजन में सहयोग देने वाले अतिथियों एवं प्रतिनिधियों का सम्मान किया गया। सम्मानित होने वालों में डॉ. मनीष एवं डॉ. दिव्या त्रिपाठी, हनी थरवानी, सुमित साहनी और अली चिश्ती शामिल रहे।

समृद्ध विरासत के प्रति रुचि बढ़ाने का उद्देश्य

समारोह का एक अन्य प्रमुख आकर्षण “अंतरराष्ट्रीय कला सहभागिता” पहल रही। इसके तहत “छत्तीसगढ़ की संस्कृति और त्योहार” विषय पर बच्चों ने A4 आकार के कागज पर सुंदर चित्र बनाकर अपनी मातृभूमि की संस्कृति और परंपराओं को प्रदर्शित किया। यह प्रतियोगिता-रहित कला प्रदर्शनी बच्चों में छत्तीसगढ़ की समृद्ध विरासत के प्रति रुचि बढ़ाने के उद्देश्य से आयोजित की गई। सभी नन्हे कलाकारों को सहभागिता प्रमाण-पत्र दिए गए और उनकी कलाकृतियों से कार्यक्रम स्थल को सजाया गया।

सभी परिवारों और प्रतिभागियों का भी धन्यवाद

नाचा-यूएई ने आयोजन को सफल बनाने में योगदान देने वाली आयोजन समिति के सदस्यों अमित उपाध्याय, सिजो थॉमस, तोमन साहू, अमृता मिश्रा, विशाल शर्मा, खुशी टांक, श्रेया तिवारी, सुशील केशकर, वैभव क्षत्रिय, आरती अग्रवाल, पल्लवी उपाध्याय और प्रमोद गायकवाड़ के प्रति आभार व्यक्त किया। संस्था ने समारोह में शामिल होकर आयोजन को यादगार बनाने वाले सभी परिवारों और प्रतिभागियों का भी धन्यवाद किया।

सांस्कृतिक पहचान से जुड़ाव का दिया संदेश

इस आयोजन के माध्यम से दुबई में रह रहे प्रवासी छत्तीसगढ़िया समाज ने हजारों मील दूर रहकर भी अपनी मातृभूमि की संस्कृति, परंपराओं और सांस्कृतिक पहचान से जुड़ाव बनाए रखने का संदेश दिया।

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