Uttar Pradesh

नेपाल से आए पानी से नारायणी नदी उफनाई, CM योगी ने कुशीनगर पहुंचकर लिया बाढ़ हालात का जायजा

Narayani River : नेपाल से अधिक पानी आने के कारण कुशीनगर जिले में नारायणी नदी का जलस्तर बढ़ गया. सोमवार देर रात जवहीं दयाल (चैनपट्टी) के ततवा टोला के पास नारायणी नदी के एपी तटबंध का कुछ हिस्सा टूट गया. इसके बाद मंगलवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ स्थिति का निरीक्षण करने और बाढ़ प्रभावित लोगों की मदद के लिए ग्राउंड जीरो पर पहुंचे.

मुख्यमंत्री ने इस दौरान बाढ़ पीड़ितों से मुलाकात की, लंच पैकेट और राहत सामग्री का वितरण किया, उन्होंने प्रभावित लोगों को आश्वस्त किया कि आपदा की इस घड़ी में सरकार उनके साथ खड़ी है.

तटबंध टूटने के बाद CM योगी ने किया हवाई सर्वेक्षण

तटबंध टूटने की जानकारी मिलने के बाद मुख्यमंत्री लगातार अधिकारियों से हालात की जानकारी ले रहे थे. मंगलवार को गोरखनाथ मंदिर में ब्रह्मलीन महंत दिग्विजयनाथ जी महाराज की श्रद्धांजलि सभा समाप्त होने के बाद वह मौके पर पहुंचे.

मुख्यमंत्री ने हवाई सर्वेक्षण कर तटबंध और इससे प्रभावित क्षेत्रों का जायजा लिया. इसके बाद वह तटबंध के आसपास के गांवों में पहुंचे और ऊंचे स्थानों पर शरण लिए ग्रामीणों से मुलाकात की, उन्होंने ग्रामीणों के बीच लंच पैकेट और बच्चों को चॉकलेट वितरित किए. इसके बाद सेवरही क्षेत्र के इंटर कॉलेज बेदुपार पहुंचकर बाढ़ प्रभावित लोगों का दुख-दर्द साझा किया और राहत सामग्री बांटी.

नेपाल से आए पानी से बिगड़े हालात

राहत सामग्री वितरण के दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि चार दिनों तक हुई मूसलाधार बारिश के बाद प्रदेश और देश के कई क्षेत्रों में स्थिति प्रभावित हुई. इसके बाद नेपाल में अतिवृष्टि होने से भारी मात्रा में पानी नीचे आया, उन्होंने कहा कि सामान्य दिनों में नारायणी नदी में तीन से चार लाख क्यूसेक पानी आता है, लेकिन अचानक साढ़े पांच लाख क्यूसेक पानी आने से एपी तटबंध से जुड़े कई गांवों में पानी पहुंच गया.

NDRF, SDRF और PAC फ्लड यूनिट तैनात

मुख्यमंत्री ने बताया कि जानकारी मिलते ही बचाव और राहत कार्य बड़े स्तर पर शुरू कर दिए गए. प्रभावित क्षेत्र में एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की दो-दो टीमें तथा पीएसी की फ्लड यूनिट लगाई गई है, उन्होंने कहा कि प्रशासन और सिंचाई विभाग के अधिकारी राहत और बचाव कार्य में जुटे हुए हैं. जलशक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह भी रात में ही मौके पर पहुंच गए थे.

5000 राहत पैकेट की व्यवस्था

CM योगी ने कहा कि बाढ़ प्रभावित लोगों के लिए 5000 पैकेट राहत सामग्री की व्यवस्था की गई है. इसमें 10 किलो चावल, 10 किलो आटा, 2 किलो दाल, आलू, लाई, चना, तेल, मसाला, नमक, बाल्टी सहित कुल 35 सामान शामिल हैं. एक पैकेट का वजन 50 किलो है, उन्होंने कहा कि सरकार ने तय किया है कि जनहानि होने पर तत्काल चार लाख रुपये की सहायता राशि उपलब्ध कराई जाएगी. जिन लोगों के मकान पूरी तरह नष्ट हो गए हैं, उन्हें प्रधानमंत्री आवास योजना या मुख्यमंत्री आवास योजना के तहत नया आवास उपलब्ध कराया जाएगा. क्षतिग्रस्त मकानों की मरम्मत के लिए भी सहायता दी जाएगी.

फसल नुकसान का होगा सर्वे

मुख्यमंत्री ने कहा कि 15-16 गांवों में धान, गन्ना और सब्जियों की फसलों को नुकसान होने की आशंका है. प्रशासन को निर्देश दिए गए हैं कि सर्वे कराकर 10 दिनों में मुआवजा उपलब्ध कराया जाए, उन्होंने बाढ़ से खराब हुई सड़कों की मरम्मत के निर्देश भी दिए. साथ ही एपी तटबंध को मजबूत करने के लिए भी अधिकारियों को निर्देशित किया.

नारायणी नदी की होगी ड्रेजिंग और चैनलाइजेशन

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जलशक्ति मंत्री और सिंचाई विभाग के प्रमुख सचिव को निर्देश दिया कि स्थिति सामान्य होने के बाद नारायणी नदी की ड्रेजिंग और चैनलाइजेशन का काम कराया जाए, उन्होंने कहा कि इससे नदी अपनी राह खुद बना सकेगी और तटबंध व आसपास के गांवों को सुरक्षित रखने में मदद मिलेगी.

मुख्यमंत्री ने जलजनित बीमारियों से बचाव के लिए मुख्य चिकित्सा अधिकारी को अगले 5-6 दिनों तक लगातार मेडिकल कैंप लगाने के निर्देश दिए. इसके साथ ही सभी पीएचसी और सीएचसी में एंटी स्नेक वेनम और एंटी रैबीज वैक्सीन की व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा गया.

इस अवसर पर जलशक्ति मंत्री स्वतंत्र देव सिंह, देवरिया सांसद शशांक मणि त्रिपाठी, कुशीनगर सांसद विजय दूबे, विधायक डॉ. असीम कुमार और सुरेंद्र चौरसिया सहित अन्य लोग मौजूद रहे.

ये भी पढ़ें- UPITS 2026 में ₹6,500 करोड़ के 4,400 एमओयू, ₹15,500 करोड़ के कारोबार का अनुमान

Hindi Khabar App: देश, राजनीति, टेक, बॉलीवुड, राष्ट्र,  बिज़नेस, ज्योतिष, धर्म-कर्म, खेल, ऑटो से जुड़ी ख़बरों को मोबाइल पर पढ़ने के लिए हमारे ऐप को प्ले स्टोर से डाउनलोड कीजिए. हिन्दी ख़बर ऐप

Related Articles

Back to top button