Vande Mataram Controversy : कांग्रेस मुख्यालय में वंदे मातरम के गान को लेकर शुरू हुआ विवाद अब खुलकर सियासी बयानबाजी में बदल गया है. केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने इस मुद्दे पर कांग्रेस और सोनिया गांधी पर तीखा हमला बोला. वहीं, कांग्रेस ने पलटवार करते हुए सवाल उठाने वालों की भूमिका पर ही सवाल खड़े किए हैं।
राजस्थान के चित्तौड़गढ़ में पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की पुण्यतिथि पर उनकी प्रतिमा का अनावरण करने पहुंचे अमित शाह ने जनसभा को संबोधित करते हुए कांग्रेस पर निशाना साधा, उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस मुख्यालय में वंदे मातरम का गान चल रहा था और उसी दौरान सोनिया गांधी ने कांग्रेस अध्यक्ष से गान रोकने के लिए कहा.
अमित शाह ने कांग्रेस से मांगी माफी
अमित शाह ने कहा कि वंदे मातरम देश के स्वतंत्रता आंदोलन से जुड़ा अमर गान है, उन्होंने आरोप लगाया कि वोट बैंक की राजनीति के चलते कांग्रेस ने इसे भुला दिया था. शाह ने कहा कि वंदे मातरम के प्राकट्य के 150 साल पूरे हो रहे हैं और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसे फिर से नया आयुष्य देने का काम किया है.
उन्होंने कहा कि वंदे मातरम का गान अधूरा छोड़ने की कल्पना भी नहीं की जा सकती. शाह ने कांग्रेस से बंकिम चंद्र चट्टोपाध्याय और देश की जनता से माफी मांगने की मांग भी की.
कांग्रेस ने किया पलटवार
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और राज्यसभा सांसद अखिलेश प्रसाद सिंह ने अमित शाह के आरोपों पर जवाब दिया, उन्होंने कहा कि सवाल उठाने वालों का देश की आजादी में कोई योगदान नहीं था, उन्होंने आरएसएस मुख्यालय में लंबे समय तक तिरंगा नहीं फहराए जाने का भी जिक्र किया.
कांग्रेस कानून का सम्मान करती है
अखिलेश प्रसाद सिंह ने कहा कि राज्यसभा में वंदे मातरम के पूरे गान के दौरान सोनिया गांधी समेत कांग्रेस के सभी नेता मौजूद थे, उन्होंने यह भी कहा कि देश में कानून बनने के बाद कांग्रेस उसका सम्मान करती है और इस मामले में माफी मांगने का सवाल ही नहीं उठता.
उन्होंने कहा कि पहले कांग्रेस के कार्यक्रमों में वंदे मातरम के दो अंतरे गाए जाते थे, लेकिन कानून बनने के बाद पार्टी उसका सम्मान कर रही है.
ये भी पढ़ें- चंडीगढ़ में सिख बंदियों की रिहाई को लेकर प्रदर्शन, पुलिस से झड़प, वाटर कैनन और आंसू गैस का इस्तेमाल
Hindi Khabar App: देश, राजनीति, टेक, बॉलीवुड, राष्ट्र, बिज़नेस, ज्योतिष, धर्म-कर्म, खेल, ऑटो से जुड़ी ख़बरों को मोबाइल पर पढ़ने के लिए हमारे ऐप को प्ले स्टोर से डाउनलोड कीजिए. हिन्दी ख़बर ऐप








