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दरवाजे की खट-खट और चर्र-चर्र से हैं परेशान? घर पर ही अपनाएं ये आसान उपाय

Home Maintenance : घर के दरवाजे से आने वाली खट-खट और चर्र-चर्र की आवाज नींद और सुकून में बाधा डाल सकती है। कई बार इसकी वजह कब्जों में घर्षण, ढीले पेच या चौखट से दरवाजे का टकराना होता है। सरसों के तेल, सिलाई मशीन के तेल, पेंसिल की ग्रेफाइट, मोमबत्ती और पेच कसने जैसे आसान उपायों से इस समस्या को कम किया जा सकता है।

Home Maintenance : घर के दरवाजे को खोलते या बंद करते समय आने वाली खट-खट और चर्र-चर्र की आवाज कई बार परेशान कर देती है। खासकर रात के सन्नाटे में यह आवाज नींद में खलल डाल सकती है। अक्सर इसकी वजह दरवाजे के कब्जों में घर्षण, ढीले पेच या दरवाजे का चौखट से टकराना होता है। कुछ आसान तरीकों की मदद से इस समस्या को घर पर ही ठीक करने की कोशिश की जा सकती है।

  1. सरसों या नारियल के तेल का करें इस्तेमाल

अगर दरवाजे के कब्जों से आवाज आ रही है, तो सरसों या नारियल के तेल की कुछ बूंदें उनके जोड़ों और पिन पर डाल सकते हैं। इसके लिए ड्रॉपर या रुई का इस्तेमाल करें। इसके बाद दरवाजे को 5-6 बार खोलें और बंद करें, ताकि तेल जोड़ों तक पहुंच सके। ध्यान रखें कि तेल फर्श पर न गिरे, क्योंकि इससे फिसलने का खतरा हो सकता है।

  1. सिलाई मशीन का तेल भी आ सकता है काम

सिलाई मशीन में इस्तेमाल होने वाला हल्का तेल भी दरवाजे के कब्जों में घर्षण कम करने में मदद कर सकता है। इसकी कुछ बूंदें कब्जों पर डालें और दरवाजे को धीरे-धीरे चलाएं। अगर आवाज का कारण कब्जों में घर्षण है, तो इससे राहत मिल सकती है। तेल लगाने से पहले उत्पाद के निर्देश जरूर देखें और अतिरिक्त तेल को कपड़े से पोंछ दें।

  1. पेंसिल की ग्रेफाइट से कम करें घर्षण

अगर आप तरल तेल का इस्तेमाल नहीं करना चाहते, तो पेंसिल की नोक से मिलने वाली ग्रेफाइट का उपयोग कर सकते हैं। ग्रेफाइट एक सूखा लुब्रिकेंट है, जो कुछ तरह के धातु के जोड़ों में घर्षण कम करने में मदद करता है। इसे कब्जों के संपर्क वाले हिस्सों पर सावधानी से लगाएं। हालांकि, हर प्रकार के कब्जे में यह तरीका समान रूप से असरदार नहीं होता।

  1. मोमबत्ती या साबुन से आजमाएं उपाय

सूखी मोमबत्ती या साबुन के छोटे टुकड़े को कब्जों के संपर्क वाले हिस्सों पर हल्के हाथ से रगड़ने से भी घर्षण कम हो सकता है। यह तरीका कुछ परिस्थितियों में उपयोगी है, लेकिन अगर कब्जे जंग लगे हों या खराब हो चुके हों, तो केवल मोम या साबुन से समस्या पूरी तरह ठीक नहीं होगी।

  1. दरवाजा बंद होने की तेज आवाज को ऐसे करें कम

अगर दरवाजा बंद होते समय चौखट से टकराकर तेज आवाज करता है, तो टकराने वाली जगह पर उपयुक्त फोम टेप लगाया जा सकता है। इससे टक्कर की आवाज कम करने में मदद मिलती है। विकल्प के तौर पर दरवाजे के स्टॉपर या रबर बंपर का इस्तेमाल भी किया जा सकता है। ध्यान रखें कि टेप या बंपर लगाने से दरवाजे का ठीक से बंद होना प्रभावित न हो।

  1. कब्जों के ढीले पेच कसें

कई बार दरवाजे के कब्जों के पेच ढीले होने से दरवाजा अपनी जगह से खिसक जाता है। इससे वह चौखट से टकरा सकता है या खोलते समय आवाज कर सकता है। ऐसे में पेचकश की मदद से पेचों को सावधानीपूर्वक कसें। यदि पेच बार-बार ढीले हो रहे हैं या लकड़ी उखड़ गई है, तो उचित मरम्मत की जरूरत हो सकती है।

  1. दरवाजे और चौखट के बीच की जगह जांचें

अगर दरवाजा ढीला है या हवा चलने पर हिलता है, तो उसके और चौखट के बीच की दूरी जांचें। छोटी-मोटी टक्कर को रोकने के लिए सही आकार का रबर बंपर या फोम पैड लगाया जा सकता है। गत्ता या दूसरी अस्थायी सामग्री लगाने के बजाय टिकाऊ और सुरक्षित विकल्प चुनना बेहतर है। यदि दरवाजा झुक गया है या चौखट में फंस रहा है, तो बढ़ई से जांच कराना उचित होगा।

ध्यान दें: अगर तेल लगाने और पेच कसने के बाद भी आवाज बनी रहती है, तो कब्जों में जंग, टूट-फूट या दरवाजे के गलत संरेखण की समस्या हो सकती है। ऐसी स्थिति में मरम्मत कराना बेहतर रहेगा।

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