Punjab Farmers : पंजाब सरकार द्वारा किसानों के कल्याण और कृषि को अधिक सशक्त एवं टिकाऊ बनाने के उद्देश्य से जल संसाधन, खनन एवं भू-विज्ञान मंत्री बरिंदर कुमार गोयल ने समराला विधानसभा क्षेत्र के गांव पूनियां में 1.10 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित लिफ्ट सिंचाई योजना का उद्घाटन किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार प्रदेश के प्रत्येक किसान के खेत तक नहरी पानी पहुंचाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है, ताकि भूजल पर निर्भरता कम हो, जल संरक्षण को बढ़ावा मिले और खेती को दीर्घकालिक रूप से टिकाऊ बनाया जा सके।
120 किसानों को प्रत्यक्ष लाभ मिलेगा
जल संसाधन मंत्री ने बताया कि गांव पूनियां लंबे समय से नहरी पानी की सुविधा से वंचित था तथा यहां भूजल का स्तर लगातार नीचे जा रहा था। 1.10 करोड़ रुपये की लागत से तैयार इस परियोजना के अंतर्गत 8 किलोमीटर लंबी भूमिगत पाइपलाइन बिछाई गई है, जिसके माध्यम से 767 एकड़ कृषि भूमि तक पहली बार नहरी पानी पहुंचाया गया है। इस योजना से लगभग 120 किसानों को प्रत्यक्ष लाभ मिलेगा तथा उनकी सिंचाई लागत में उल्लेखनीय कमी आएगी।
खेत तक नहरी पानी पहुंचाने का संकल्प
उन्होंने कहा कि सरहिंद नहर का निर्माण वर्ष 1985 में हुआ था, लेकिन इस क्षेत्र को कभी इसका लाभ नहीं मिल पाया। मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने वर्ष 2022 में सरकार बनने के बाद प्रत्येक खेत तक नहरी पानी पहुंचाने का जो संकल्प लिया था, उसे चरणबद्ध ढंग से धरातल पर उतारा जा रहा है। उन्होंने बताया कि अब तक सरहिंद नहर से जुड़ी सात लिफ्ट सिंचाई योजनाओं के माध्यम से 2,124 एकड़ क्षेत्र को पहली बार नहरी पानी उपलब्ध कराया गया है।
नियमित रूप से नहरी पानी उपलब्ध
गोयल ने बताया कि समराला विधानसभा क्षेत्र में नहरों के नवीनीकरण तथा भूमिगत पाइपलाइन बिछाने पर 43.50 करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं, जिससे 12,630 एकड़ भूमि को नियमित रूप से नहरी पानी उपलब्ध हो रहा है। उन्होंने कहा कि पंजाब सरकार ने पूरे राज्य में नहरी सिंचाई के विस्तार के लिए लगभग 7,200 करोड़ रुपये व्यय कर भूजल संरक्षण, बिजली की बचत तथा कृषि उत्पादन क्षमता बढ़ाने की दिशा में ऐतिहासिक पहल की है।
पंजाब के 1,550 गांवों तक नहरी पानी पहुंचाया
उन्होंने बताया कि वर्ष 2022 में प्रदेश में केवल 26 प्रतिशत नहरी पानी का उपयोग हो रहा था, जबकि आज यह बढ़कर 86 प्रतिशत तक पहुंच गया है। सरकार का लक्ष्य इसे 100 प्रतिशत तक ले जाना है। उन्होंने कहा कि आज़ादी के बाद पहली बार पंजाब के 1,550 गांवों तक नहरी पानी पहुंचाया गया है, जो राज्य की सिंचाई व्यवस्था में एक क्रांतिकारी परिवर्तन का प्रतीक है। कैबिनेट मंत्री बरिंदर कुमार गोयल ने पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए उद्घाटन स्थल पर पौधारोपण भी किया।
पूरे राज्य में नहरी सिंचाई नेटवर्क का विस्तार
समराला के विधायक जगतार सिंह दयालपुरा ने कहा कि गांव पूनियां में इस परियोजना के शुरू होने से किसानों की आर्थिक स्थिति मजबूत होगी और कृषि को नई दिशा मिलेगी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व में पंजाब सरकार योजनाबद्ध तरीके से पूरे राज्य में नहरी सिंचाई नेटवर्क का विस्तार कर रही है, जिससे भूजल पर निर्भरता कम होगी।
परियोजना मजबूत, टिकाऊ और पर्यावरण अनुकूल
उन्होंने कहा कि नहरी पानी उपलब्ध होने से किसानों के डीजल आधारित सिंचाई खर्च में कमी आएगी, खेती की लागत घटेगी और उनकी आय में वृद्धि होगी। साथ ही, नहरी पानी में मौजूद आवश्यक पोषक तत्व भूमि की उर्वरता बढ़ाने में भी सहायक सिद्ध होते हैं। यह परियोजना कृषि व्यवस्था को अधिक मजबूत, टिकाऊ और पर्यावरण अनुकूल बनाएगी, जिसका लाभ आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचेगा।
किसान तथा क्षेत्रवासी रहे उपस्थित
इस अवसर पर पंजाब जल संसाधन प्रबंधन एवं विकास निगम के प्रबंध निदेशक मनोज कुमार बंसल, अधीक्षण अभियंता मनिंदर सिंह, कार्यकारी अभियंता गौरव सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, किसान तथा क्षेत्रवासी उपस्थित थे।
ये भी पढ़ें- ईरान-अमेरिका तनाव बढ़ा, हमलों में 100 अमेरिकी सैनिक घायल, कई देशों में बढ़ी चिंता, अमेरिका ने किए 9 शहरों पर हमले
Hindi Khabar App: देश, राजनीति, टेक, बॉलीवुड, राष्ट्र, बिज़नेस, ज्योतिष, धर्म-कर्म, खेल, ऑटो से जुड़ी ख़बरों को मोबाइल पर पढ़ने के लिए हमारे ऐप को प्ले स्टोर से डाउनलोड कीजिए. हिन्दी ख़बर ऐप









