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ऑपरेशन टेबल पर मरीज छोड़कर चली गईं डॉक्टर, परिजनों का हंगामा

Ruckus in Hospital

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Ruckus in Hospital: ऑपरेशन टेबल पर लेटी दो महिलाएं ऑपरेशन के लिए तैयार हैं। वहीं तीसरी ऑपरेशन थियेटर के बाहर इंतजार में है। तीनों का आज ऑपरेशन होना है। ऑपरेशन में प्रयुक्त सारे उपकरण भी नियत स्थान पर रखे जा चुके हैं। दिन भर ये तीनों महिलाएं प्री ऑपरेशनल ट्रीटमेंट से गुजर चुकी हैं। इसके बाद डॉक्टर ऑपरेशन थियेटर में आती हैं और अचानक यह कहकर चली जाती हैं कि वे ऑपरेशन नहीं करेंगी। ऑपरेशन कराने को लेटी महिलाएं और उनके परिजन हैरानी भरी निगाह से डॉक्टर की ओर देखते हैं लेकिन ऑपरेशन न करने का कारण पता नहीं चलता। इसके बाद शुरू होता है अस्पताल में हल्ला। ये नजारा औरंगाबाद के सरकारी सदर अस्पताल का है।

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Ruckus in Hospital: पूरा किया जा चुका था प्री ऑपरेशनल ट्रीटमेंट

महिलाओं के तीमारदारों का आरोप है कि डॉक्टर ऋचा चौधरी को अचानक एक कॉल आया और वह बिना ऑपरेशन किए चली गईं। उन्होंने बताया कि आज ऑपरेशन होना था। महिलाओं को इसके लिए ऑपरेशन से पहले दी जाने वाली जरूरी दवाएं दी जा चुकी थीं। वहीं प्री ऑपरेशन ट्रीटमेंट भी पूरा किया जा चुका था। गुरुवार को देर शाम हुई घटना की सूचना मिलने पर कुछ मीडिया कर्मी अस्पताल पहुंच गए। परिजनों ने कहा इस बाबत डॉक्टर से कहा गया कि यह तरीका गलत है तो भी बिना कोई जवाब दिए वे चली गईं।

Ruckus in Hospital: बाद में अन्य डॉक्टर ने किया ऑपरेशन

इस संबंध में जब अस्पताल के उपाधीक्षक डॉ. सुनील कुमार और डीपीएम अनवर आलम से बात की गई तो उन्होंने कहा, डॉ. ऋचा चौधरी की ऑपरेशन के लिए ड्यूटी नहीं लगी थी। यह भी कहा गया कि जिस डॉक्टर की ड्यूटी थी उसे बुलाया जा रहा है। ऑपरेशन हो जाएगा। इसके कुछ देर बाद डॉक्टर आशुतोष आते हैं और ऑपरेशन करते हैं।

Ruckus in Hospital: ‘डॉक्टर चलाती हैं अपना प्राइवेट हॉस्पिटल’

पेशेंट्स के परिजनों का आरोप है कि डॉ. ऋचा चौधरी ऑपरेशन करने आई थीं। इसी दौरान उन्हे एक कॉल आया। कॉल आने के बाद वे ऑपरेशन किए बगैर अपने प्राईवेट अस्पताल चली गईं। एक मरीज के परिजन महावीर ठाकुर ने बताया कि वह अपनी बहन प्रियंका देवी का ऑपरेशन कराने सदर अस्पताल आए थे। देर शाम बहन को ऑपरेशन थिएटर में लाया गया। डॉ. ऋचा चौधरी ऑपरेशन करने आईं लेकिन एक कॉल आने के बाद वह चली गईं। उनका शहर में ही अपना प्राईवेट हॉस्पिटल है। उन्होंने कहा, अगर मामला तूल न पकड़ता और मीडिया द्वारा सवाल न पूछे जाते तो शायद ऑपरेशन न हो पाता।

रिपोर्ट: दीनानाथ मौआर, संवाददाता, औरंगाबाद, बिहार

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